बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस 2026 (पेपर 2): टॉपिक-वाइज ब्रेकडाउन

बिहार STET हिस्ट्री पेपर 2 सिलेबस का टॉपिक-वाइज ब्रेकडाउन — प्राचीन, मध्यकालीन, आधुनिक भारत, विश्व इतिहास, इतिहासलेखन और पेडागॉजी — साथ में सबसे ज्यादा पूछे जाने वाले टॉपिक।
बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस पेपर 2 में प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक भारतीय इतिहास, विश्व इतिहास, इतिहासलेखन (historiography) और टीचिंग एप्टीट्यूड/आर्ट ऑफ टीचिंग सेक्शन शामिल है, जो हायर सेकेंडरी (कक्षा 11-12) स्तर के लिए है। आधिकारिक नोटिफिकेशन के अनुसार, पेपर 2 में 150 वस्तुनिष्ठ प्रश्न, 150 अंक और 2 घंटे 30 मिनट की समय-सीमा होती है, जिसमें हर सही उत्तर पर 1 अंक मिलता है और कोई निगेटिव मार्किंग नहीं है।
यह गाइड हर यूनिट को टॉपिक-वाइज तोड़कर समझाती है, साथ ही सबसे ज्यादा पूछे जाने वाले क्षेत्र भी बताती है। पूरे सिलेबस को स्टडी प्लान में बदलने के लिए Bihar STET History (Paper 2) टेस्ट सीरीज़ में इन्हीं यूनिट्स पर आधारित 216 टेस्ट मौजूद हैं; सब्सक्राइब करने से पहले फ्री मॉक टेस्ट से शुरुआत करें।
बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस 2026: पेपर 2 परीक्षा पैटर्न
टॉपिक लिस्ट से पहले पैटर्न समझना जरूरी है। बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस एक ही 150 अंकों के पेपर में समाया हुआ है, जिसमें टीचिंग एप्टीट्यूड भी शामिल है — इसलिए सिर्फ विषय ज्ञान काफी नहीं, दोनों हिस्सों की तैयारी जरूरी है। नीचे दी गई टेबल आधिकारिक STET 2026 नोटिफिकेशन के अनुसार पैटर्न बताती है।
| घटक | विवरण |
|---|---|
| पेपर | पेपर 2 — हायर सेकेंडरी स्तर (कक्षा 11-12) |
| मोड | कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) |
| कुल प्रश्न/अंक | 150 प्रश्न / 150 अंक |
| समय-सीमा | 2 घंटे 30 मिनट |
| सेक्शन | हिस्ट्री (विषय सामग्री) + टीचिंग एप्टीट्यूड/आर्ट ऑफ टीचिंग |
| मार्किंग स्कीम | हर सही उत्तर पर +1, निगेटिव मार्किंग नहीं |
आधिकारिक नोटिफिकेशन में हिस्ट्री और पेडागॉजी सेक्शन के बीच प्रश्नों का अलग-अलग बंटवारा नहीं दिया गया है, इसलिए दोनों को बराबर महत्व दें। पूरे विषय, पात्रता और पेपर 1 बनाम पेपर 2 तुलना के लिए Bihar STET 2026 पेपर 1 और पेपर 2 विषय, पैटर्न व पात्रता गाइड देखें। तारीखें, पात्रता और टेस्ट सीरीज़ के लिए Bihar STET History Paper 2 एग्जाम पेज भी चेक करें।
प्राचीन भारतीय इतिहास के टॉपिक (Bihar STET Paper 2)
प्राचीन भारत खंड आमतौर पर वही टॉपिक दोहराता है जो स्नातक स्तर पर पढ़े थे। इन पर ध्यान दें:
- प्रागितिहास और आद्य-इतिहास — पुरापाषाण से ताम्रपाषाण काल तक
- सिंधु घाटी (हड़प्पा) सभ्यता — नगर नियोजन, अर्थव्यवस्था, धर्म, पतन
- वैदिक काल — ऋग्वैदिक और उत्तर वैदिक समाज, राजनीति और धर्म
- महाजनपदों का उदय, बौद्ध और जैन धर्म की उत्पत्ति
- मौर्य साम्राज्य — अशोक के अभिलेख, प्रशासन, अर्थशास्त्र
- मौर्योत्तर काल — कुषाण, सातवाहन, संगम युग
- गुप्त काल — राजनीति, अर्थव्यवस्था, विज्ञान, कला और साहित्य
- उत्तर-गुप्त क्षेत्रीय राज्य — वर्धन, चालुक्य, पल्लव
मध्यकालीन भारतीय इतिहास सिलेबस (STET Paper 2)
यह खंड प्रारंभिक क्षेत्रीय राज्यों से लेकर मुगल साम्राज्य के पतन तक फैला है; राजवंशों और तारीखों को क्रमवार याद रखें:
- प्रारंभिक मध्यकालीन शक्तियां — राजपूत, पाल, प्रतिहार, राष्ट्रकूट
- दिल्ली सल्तनत — गुलाम, खिलजी, तुगलक, सैय्यद और लोदी वंश
- विजयनगर और बहमनी साम्राज्य
- मुगल साम्राज्य — प्रशासन, मनसबदारी और भू-राजस्व व्यवस्था
- भक्ति और सूफी आंदोलन
- मराठा शक्ति का उदय और मुगल साम्राज्य का पतन
- मध्यकालीन अर्थव्यवस्था, व्यापार, समाज और कला-स्थापत्य
आधुनिक भारतीय इतिहास और स्वतंत्रता आंदोलन के टॉपिक
यह खंड अक्सर सबसे ज्यादा स्कोरिंग होता है क्योंकि इसमें क्रमबद्ध कालक्रम स्पष्ट होता है, यूरोपियों के आगमन से लेकर स्वतंत्रता तक:
- यूरोपीय शक्तियों का आगमन और ब्रिटिश शासन की स्थापना
- सामाजिक-धार्मिक सुधार आंदोलन — ब्रह्म समाज, आर्य समाज, अलीगढ़ आंदोलन
- 1857 का विद्रोह — कारण, क्रम और परिणाम
- भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का गठन; नरमपंथी और गरमपंथी चरण
- गांधीवादी युग — असहयोग, सविनय अवज्ञा, भारत छोड़ो आंदोलन
- क्रांतिकारी, किसान और मजदूर आंदोलन
- विभाजन, स्वतंत्रता और रियासतों का एकीकरण
बिहार STET पेपर 2 में विश्व इतिहास सिलेबस
विश्व इतिहास के टॉपिक अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं से मिलते-जुलते हैं, इसलिए यहां रिवीजन आसान होता है:
- पुनर्जागरण और अन्वेषण युग
- अमेरिकी स्वतंत्रता संग्राम और फ्रांसीसी क्रांति
- औद्योगिक क्रांति और उसका सामाजिक प्रभाव
- राष्ट्रवाद का उदय; जर्मनी और इटली का एकीकरण
- 1917 की रूसी क्रांति
- प्रथम और द्वितीय विश्व युद्ध — कारण और परिणाम
- उपनिवेशवाद का अंत, शीत युद्ध और संयुक्त राष्ट्र
इतिहासलेखन (Historiography) के टॉपिक बिहार STET हिस्ट्री में
इतिहासलेखन अक्सर कम पढ़ा जाता है लेकिन लगातार पूछा जाता है। इन्हें कवर करें:
- भारतीय इतिहास के स्रोत — पुरातात्विक, अभिलेखीय, मुद्राशास्त्रीय और साहित्यिक
- इतिहासलेखन का अर्थ, क्षेत्र और पद्धतियां
- औपनिवेशिक, राष्ट्रवादी, मार्क्सवादी और सबाल्टर्न इतिहास-लेखन धाराएं
- भारतीय इतिहास के प्रमुख इतिहासकारों का योगदान
पेपर 2 में टीचिंग एप्टीट्यूड और पेडागॉजी सेक्शन
बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस का दूसरा आधा हिस्सा यह जांचता है कि आप हायर सेकेंडरी स्तर पर इतिहास कैसे पढ़ाएंगे, न कि सिर्फ आप क्या जानते हैं। इसमें इतिहास शिक्षण के उद्देश्य, शिक्षण विधियां (व्याख्यान, स्रोत-आधारित, प्रोजेक्ट विधि), शिक्षण सहायक सामग्री, पाठ्यक्रम व पाठ्यपुस्तक विकास, और मूल्यांकन तकनीक (ब्लूम का वर्गीकरण, सतत मूल्यांकन) शामिल हैं। इस सेक्शन का अलग से अभ्यास करने के लिए टीचिंग एप्टीट्यूड व पेडागॉजी के 30 प्रैक्टिस प्रश्न देखें।
बिहार STET हिस्ट्री के सबसे ज्यादा पूछे जाने वाले टॉपिक कौन से हैं?
पिछले STET और इसी स्तर के अन्य TET पेपरों के आधार पर, कुछ क्षेत्र बार-बार दोहराए जाते हैं। समय कम हो तो इन्हें प्राथमिकता दें, लेकिन बाकी सिलेबस को नज़रअंदाज़ न करें:
- हड़प्पा सभ्यता और वैदिक समाज — स्रोत व सामाजिक संरचना
- मौर्य और गुप्त प्रशासन, कला व स्थापत्य
- भक्ति-सूफी आंदोलन और मुगल प्रशासनिक व्यवस्था
- 1857 के विद्रोह के कारण और परिणाम
- भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन के चरण और नेता
- प्रथम व द्वितीय विश्व युद्ध — कारण और परिणाम
- इतिहासलेखन की धाराएं — राष्ट्रवादी बनाम मार्क्सवादी बनाम सबाल्टर्न
- पेडागॉजी सेक्शन में शिक्षण विधियां और ब्लूम का वर्गीकरण
इसे प्राथमिकता सूची की तरह लें, पूरे बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस के विकल्प के रूप में नहीं — STET पेपर हर काल से प्रश्न पूछता है।
Bihar STET History Paper 2 की तैयारी कैसे करें
- हर काल के लिए टाइमलाइन-आधारित रिवीजन चार्ट बनाएं ताकि तारीखें और राजवंश न उलझें।
- पहले NCERT कक्षा 11-12 की इतिहास पुस्तकें पढ़ें, फिर गहराई के लिए स्नातक स्तर की संदर्भ पुस्तकें देखें।
- पेडागॉजी सेक्शन को विषय सामग्री जितनी ही गंभीरता से पढ़ें — यह पेपर का बड़ा हिस्सा है।
- 2 घंटे 30 मिनट के CBT फॉर्मेट के लिए स्पीड बनाने हेतु पूर्ण-लंबाई के टाइम्ड मॉक टेस्ट लगाएं।
- तारीख नजदीक आने पर एडमिट कार्ड और एग्जाम-डे चेकलिस्ट जरूर देखें — एडमिट कार्ड और लास्ट-मिनट रिवीजन के लिए Bihar STET एग्जाम डे गाइड (History Paper 2) देखें।
ऊपर बताए गए हर यूनिट पर संरचित अभ्यास के लिए Bihar STET History (Paper 2) टेस्ट सीरीज़ में 216 टेस्ट और 5,879 प्रश्न हिंदी व अंग्रेजी में समाधान सहित उपलब्ध हैं, जो इसी सिलेबस पर आधारित हैं।
पूरे बिहार STET हिस्ट्री सिलेबस के खिलाफ खुद को परखना चाहते हैं? फ्री मॉक टेस्ट से शुरुआत करें, फिर एग्जाम से पहले सभी 216 टेस्ट का अभ्यास करने के लिए सिर्फ ₹99 में पूरी Bihar STET History (Paper 2) टेस्ट सीरीज़ अनलॉक करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
बिहार STET पेपर 2 हिस्ट्री का सिलेबस क्या है?
बिहार STET पेपर 2 हिस्ट्री सिलेबस में प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक भारतीय इतिहास, विश्व इतिहास, इतिहासलेखन, और टीचिंग एप्टीट्यूड/आर्ट ऑफ टीचिंग सेक्शन शामिल है, जो आधिकारिक नोटिफिकेशन के अनुसार एक ही 150 अंकों के पेपर में समाहित है।
बिहार STET पेपर 2 में हिस्ट्री से कितने प्रश्न पूछे जाते हैं?
पेपर 2 में कुल 150 प्रश्न होते हैं, जिसमें हिस्ट्री विषय सामग्री और टीचिंग एप्टीट्यूड/आर्ट ऑफ टीचिंग दोनों शामिल हैं। आधिकारिक नोटिफिकेशन में दोनों हिस्सों का अलग प्रश्न-विभाजन नहीं दिया गया, इसलिए दोनों की तैयारी पूरी रखें।
क्या बिहार STET हिस्ट्री पेपर 2 सिलेबस UGC NET हिस्ट्री जैसा ही है?
नहीं। दोनों में व्यापक रूप से समान ऐतिहासिक काल कवर होते हैं, लेकिन बिहार STET पेपर 2 हायर सेकेंडरी (कक्षा 11-12) शिक्षण स्तर पर केंद्रित है और पेडागॉजी भी टेस्ट करता है, जबकि UGC NET रिसर्च-स्तरीय इतिहास पर केंद्रित है और इसमें शिक्षण-विधि सेक्शन नहीं होता।
बिहार STET हिस्ट्री पेपर 2 की तैयारी के लिए कौन सी किताबें सबसे अच्छी हैं?
शुरुआत NCERT कक्षा 11 और 12 की इतिहास पुस्तकों से करें — प्राचीन, मध्यकालीन, आधुनिक भारतीय और विश्व इतिहास के लिए। फिर गहराई के लिए स्नातक स्तर की संदर्भ पुस्तकें पढ़ें। पेडागॉजी सेक्शन के लिए कोई भी मानक B.Ed. इतिहास-शिक्षण पद्धति की किताब उपयोगी रहेगी।
Bihar STET 2026 History Paper 2 परीक्षा कब है?
आधिकारिक पोर्टल के अनुसार, Bihar STET 2026 CBT विंडो 25 अक्टूबर से 20 नवंबर 2026 तक कई शिफ्टों में चलेगी; अपनी सही तारीख के लिए आधिकारिक रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर एडमिट कार्ड चेक करें, क्योंकि कुछ पेपर बाद में पुनर्निर्धारित किए गए थे।